प्रमाण-पत् परिमल पटेल खूब मज़ा आया ! जब भी मुझे समय मिलेगा तब मैं इस लाइन को कॉल करते रहूँगा। शामसुंदर ऐसा कभी भी नहीं देखा ! जब मेरे दोस्त ने मुझे बताया तो मैं नहीं माना, सोचा कि सब बकवास है ! अब मुझे यकीन हो गया है कि ये लड़कियाँ सचमुच निराली हैं। महेंद्र सोलंकी वाह, क्या मस्ती है, क्या मज़ा है ! बस एक फोन कॉल ने मेरा ज़िन्दगी का मतलब ही बदल दिया| अब तो हर दिन इस चैट लाइन को मैं फोन कर रहा हूँ, इसका मज़ा ही कुछ और है। मैं तो रोजाना कॉल करने वाला हूँ। हारुन अल्ताफ माशा अल्लाह ! क्या मज़ेदार लड़कियाँ। और सब कुछ करने को तय्यार। इनके साथ बात ही मुझे जन्नत में ले जाती है। मैं बहुत फोन सेक्स कर चुका हूँ लेकिन आपकी लड़कियाँ तो छुपी रुस्तम निकली। यह तो मेरा ख्याल है और आप इसे छाप सकते हैं। राहुल राजन मुझे अभी भी विश्वास नहीं आ रहा है कि फोन सेक्स इतना बेहतरीन हो सकता है। अब तो ख़ुशी बस एक फोन कॉल दूर है। लक्ष्मण तिवारी ज़िन्दगी में नहीं सोचा था कि बस एक सेक्स बातचीत इतना मज़ा दे सकती है। मशहूर सिंह आपका फोन सेक्स अच्छा है। अपनी कोमल बेहतरीन है। क्या कमसिन और नाजुक है वो ! बात भी नरम और मधुर करती है। वाह, मैं तो हर बार उसको ही कॉल करूंगा।
जनार्धन द्विवेदी
मैं सोचा था की एह फोन सेक्स एक बकवास है | पैसा गँवानेका एक तरीका है | कितना ग़लत था मैं | ज़िन्दगी में इतना मज़ा मुझे कभी नहीं मिला | और इसके लिए मेरा खर्चा बिलकुल कुछ नहीं | पहले बार महसूस हो रहा है की, कितने तरह के लोग है, कितने तरह के सोच है और वह भी कैसे बातें पसंद करते है और कैसे लोगों को पसंद करते हैं | मैं तो फोन सेक्स का दीवाना बन गया हूँ | अगर आप बी तोडा बहूत दिल्लगी करना चाहेंगे,
बिना ज्यादा खर्चा से ... थो फोन सेक्स के लिए एक लगाइए |
लक्ष्मणन शिवरामन
भगवान ने सेक्स बनाकर हमारे ऊपर बहुत बड़ा एहसान किया और आप फोन सेक्स शुरू करके, हमें खूब मज़ा दे रहे हैं। धन्यवाद। धर्मराज रस्तोगी मुझे अचानक आपकी वेबसाइट मिली और अच्छा हुआ कि मैंने आपकी साईट पर लड़कियों से बात की। बहुत मज़ा आ रहा है। हर लड़की एक अलग तरह की ! हर लड़की की सोच अलग, उसका बातचीत करने का तरीका अलग और उसका तजुर्बा भी अलग।
अनिरुद्ध भट्ट
हाय, सुनो, किसी से मत कहना। इस फोन सेक्स में लड़कियाँ हमारे लिए अपनी उंगली कहीं भी डाल लेती हैं हमारे कहने पर । मैंने एक लड़की को उसके निपल घुमाने के लिए कहा, अरे क्या चीज़ है हाय !.......... ऊऊऊऊह्ह तुलसी राठोर अब मैं क्यूँ किसी लौंडी के पास जाकर बेवजह बिमारी मोल लूँ। अब आराम से जब चाहे तब फोन सेक्स से मैं बातें कर लूँगा और मज़े लूँगा।
अनीता
मेरा नाम अनीता नहीं है। यह मेल छपेगी और इसलिए अपना नाम छुपा रही हूँ। बात यह है कि मैंने सोचा था कि फोन सेक्स सिर्फ मर्दों के लिए है। नहीं ... हमारे लिए भी और मज़ेदार भी। लड़कों के साथ या लड़की के साथ या दोनों साथ-साथ भी हैं। मैं अपने सब दोस्तों को इसके बारे में बोल रही हूँ।
ललित चक्रबोर्ति
ऐसे ऐसे बात मैंने ख्वाबों में भी नहीं सोचा था, ऐसी-ऐसी बात मैं मेरी बीवी के साथ रात के अँधेरे में भी कर नहीं सका। ऐसे ऐसे बात कि खुद का लण्ड इस बात के बारे में सोचते ही खड़ा हो जाए। ऐसी बात आपको सिर्फ फोन सेक्स में ही मिलेगा।

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